अंग्रेजी अनुवाद: जेम्स लेग (1891)। स्रोत
यह श्लोक आपके भीतर क्या जगाता है? कुछ भी पूछें — आनंद कई परंपराओं से खींचते हैं और आपके अपने पथ को सम्मानित करते हैं।
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