बेहतर अनुभव के लिए One Source Sangha इंस्टॉल करें

ताओ ते चिंग 44.2

इस प्रकार हम देख सकते हैं, जो यश से चिपटा रहता है वह जो अधिक महान है उसे अस्वीकार करता है; जो बड़े भंडार से प्रेम करता है वह समृद्ध अवस्था को छोड़ देता है।

अंग्रेजी अनुवाद: जेम्स लेग (1891)। स्रोत

आनंद के साथ इस श्लोक पर विचार करें

यह श्लोक आपके भीतर क्या जगाता है? कुछ भी पूछें — आनंद कई परंपराओं से लेते हैं और आपके अपने मार्ग का सम्मान करते हैं।

हमारे साथ चलें

प्रत्येक रविवार एक पाठ, एक प्रश्न। कभी कुछ और नहीं।

🌐 English  ·  हिन्दी