बेहतर अनुभव के लिए One Source Sangha इंस्टॉल करें

धम्मपद 4.13

तगर और चंदन की सुगंध मामूली है;-- जो पुण्य से संपन्न हैं उनकी सुगंध देवताओं तक सर्वोच्च रूप में उठती है।

अंग्रेजी अनुवाद: एफ. मैक्स मूलर (1881)। स्रोत

इस श्लोक पर Ananda के साथ चिंतन करें

यह श्लोक आपके मन में क्या जागृत करता है? कुछ भी पूछें — Ananda कई परंपराओं से खींचता है और आपके अपने पथ का सम्मान करता है।

हमारे साथ चलें

एक अंश, एक प्रश्न, हर रविवार। कुछ नहीं और कभी नहीं।

🌐 English  ·  हिन्दी