व्यास की कृपा से मैंने यह परम और सर्वाधिक गुप्त योग सीधे कृष्ण से, योग के प्रभु से, स्वयं उनके द्वारा कहा जा रहा है, सुना है।
अंग्रेजी अनुवाद: स्वामी शिवानंद (1942) · नीचे दिए गए शब्दों के अर्थ एक ही स्रोत से हैं। स्रोत
18.75 व्यासप्रसादात् व्यास की कृपा से? श्रुतवान् सुना है? एतत् यह? गुह्यम् गुप्त? अहम् मैंने? परम् परम? योगम् योग? योगेश्वरात् योग के प्रभु से? कृष्णात् कृष्ण से? साक्षात् सीधे? कथयतः कह रहे? स्वयम् स्वयं।टिप्पणी व्यास की कृपा से उनसे दिव्य दृष्टि प्राप्त करके। योग यह कृष्ण और अर्जुन के बीच का संवाद है? मैंने इसे सीधे उनसे सुना है। इस संवाद को योग कहा जाता है क्योंकि यह योग की चर्चा करता है और यह भगवान के साथ एकता की प्राप्ति की ओर ले जाता है।
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18.75 व्यासप्रसादात् व्यास की कृपा से? श्रुतवान् सुना है? एतत् यह? गुह्यम् गुप्त? अहम् मैंने? परम् परम? योगम् योग? योगेश्वरात् योग के प्रभु से? कृष्णात् कृष्ण से? साक्षात् सीधे? कथयतः कह रहे? स्वयम् स्वयं।टिप्पणी व्यास की कृपा से उनसे दिव्य दृष्टि प्राप्त करके। योग यह कृष्ण और अर्जुन के बीच का संवाद है? मैंने इसे सीधे उनसे सुना है। इस संवाद को योग कहा जाता है क्योंकि यह योग की चर्चा करता है और यह भगवान के साथ एकता की प्राप्ति की ओर ले जाता है।